भोले ने जिसे चाहा, मस्ताना बना डाला

|| भोले ने जिसे चाहा, मस्ताना बना डाला || भोले ने जिसे चाहा, मस्ताना बना डाला ॥ दोहा – व्याघंबरम भस्मामबरम, जटा जूट लिबास, आसान जमाए बैठे है, कृपा सिंधु कैलाश ॥ भोले ने जिसे चाहा, मस्ताना बना डाला, एक मस्त नजर डाली, मस्ताना बना डाला, महाकाल ने भक्तो को, दीवाना बना डाला ॥ दोहा…

श्री गायत्री कवच

|| गायत्री कवचम्‌ PDF || विनियोग अस्य श्री गायत्रीकवचस्तोत्रमन्त्रस्य ब्रह्म-विष्णु-महेश्वरा ऋषय;, ऋग,-यजुः-सामा-ऽथर्वाणि छन्दांसि, परब्रह्मस्व-रूपिणी गायत्री देवता तद्बीजम्‌, भर्गः शक्तिः, धियः कीलकम्‌, मोक्षार्थे जपे विनियोगः । न्यास ॐ तत्सवितुर्ब्रह्मात्मने हृदयाय नमः, ॐ वरेण्यं विष्णवात्मने शिरसे स्वाहा, ॐ भर्गोदेवस्य रुद्रात्मने शिखायै वषट्, ॐ धीमहि ईश्वरात्मने कवचाय हुम्‌ ॐ धियो यो नः सदाशिवात्मने नेत्रत्रयाय वौषट्, ॐ प्रचोदयात्‌ परब्रह्मतत्त्वात्मने…

गायत्री अष्टॊत्तर शतनामावली

|| गायत्री अष्टॊत्तर शतनामावली PDF || ૐ श्री गायत्र्यै नमः ॥ ૐ जगन्मात्र्यै नमः ॥ ૐ परब्रह्मस्वरूपिण्यै नमः ॥ ૐ परमार्थप्रदायै नमः ॥ ૐ जप्यायै नमः ॥ ૐ ब्रह्मतॆजॊविवर्धिन्यै नमः ॥ ૐ ब्रह्मास्त्ररूपिण्यै नमः ॥ ૐ भव्यायै नमः ॥ ૐ त्रिकालध्यॆयरूपिण्यै नमः ॥ ૐ त्रिमूर्तिरूपायै नमः ॥ १० ॥ ૐ सर्वज्ञायै नमः ॥ ૐ वॆदमात्रॆ…

अरे रे मेरा बजरंग बाला

|| अरे रे मेरा बजरंग बाला || अरे रे मेरा बजरंग बाला, सभी का है रखवाला, दुनिया ने मानी यही बात है, कोई कहे बालाजी का, नाम है महान, कोई कहे बालाजी, है वीर बलवान, कोई कहे रखते है, सबका ही ध्यान, कोई कहे पूजता है, सारा ही जहान, अरे रे मेरा बजरँग बाला, सभी…

भोले की सवारी देखो आई रे

|| भोले की सवारी देखो आई रे || बाबा की सवारी देखो आई रे, भोले की सवारी देखो आई रे, भक्तो में मस्ती देखो छाई रे, बाबा की सवारी देखो आई रे ॥ दूर दूर से यात्री आवे, अर्जी अपनी लगावे, अर्जी अपनी लगाकर वो तो, मन चाहा फल पावे, भोले ने बिगड़ी बनाई रे,…

अरे माखन की चोरी छोड़ साँवरे मैं समझाऊँ तोय

|| अरे माखन की चोरी छोड़ साँवरे मैं समझाऊँ तोय || अरे माखन की चोरी छोड़, साँवरे मैं समझाऊँ तोय, मैं समझाऊँ तोय, कन्हैया मैं समझाऊँ तोय, अरें माखन की चोरी छोड़, साँवरे मैं समझाऊँ तोय ॥ नव लख धेनु तेरे बाबा के, नव लख धेनु तेरे बाबा के, नित नयो माखन होय, अरें माखन…

श्री गायत्री चालीसा चित्रावली (Shree Gayatri Chalisa Chitrawali)

श्री गायत्री चालीसा चित्रावली (Shree Gayatri Chalisa Chitrawali)

पं. श्रीराम शर्मा आचार्य द्वारा रचित “श्री गायत्री चालीसा चित्रावली” एक अद्वितीय और प्रेरणादायक पुस्तक है, जिसमें गायत्री महाशक्ति की महिमा, उपासना और जीवन में उसके महत्व को अत्यंत सुंदर और सरल शैली में प्रस्तुत किया गया है। इस पुस्तक का उद्देश्य गायत्री साधना को सरल और प्रभावी ढंग से हर वर्ग के लोगों तक…

भोले की किरपा से हमरे, ठाठ निराले है

|| भोले की किरपा से हमरे, ठाठ निराले है || भोले की किरपा से हमरे, ठाठ निराले है, हम बाबा वाले है, सुनो जी हम बाबा वाले है ॥ भजनों को तेरे गा कर, मैं तो मस्ती में रहता, रस्ते में जो भी मिलता, हर हर बम बम ही कहता, कदम कदम पर बन जाते,…

गायत्री की पंचविधि दैनिक साधना (Gayatri Ki Panchavidhi Dainik Sadhana)

गायत्री की पंचविधि दैनिक साधना (Gayatri Ki Panchavidhi Dainik Sadhana)

पं. श्रीराम शर्मा आचार्य द्वारा रचित “गायत्री की पंचविधि दैनिक साधना” गायत्री मंत्र की महत्ता, साधना के स्वरूप और इसके विभिन्न पहलुओं को समझाने वाली एक उपयोगी पुस्तक है। यह पुस्तक साधकों को गायत्री मंत्र के माध्यम से आत्मशुद्धि, मानसिक शांति और आध्यात्मिक उन्नति के लिए मार्गदर्शन प्रदान करती है। गायत्री की पंचविधि दैनिक साधना…

गायत्री साधना की उपलब्धियाँ (Gayatri Sadhana Ki Upalabdhiyan)

गायत्री साधना की उपलब्धियाँ (Gayatri Sadhana Ki Upalabdhiyan)

पं. श्रीराम शर्मा आचार्य की पुस्तक “गायत्री साधना की उपलब्धियाँ” एक प्रेरणादायक और मार्गदर्शक पुस्तक है, जो गायत्री साधना के माध्यम से प्राप्त होने वाली आध्यात्मिक, मानसिक और भौतिक उपलब्धियों का विस्तृत वर्णन करती है। यह पुस्तक उन लोगों के लिए विशेष रूप से उपयोगी है, जो साधना के महत्व को समझकर इसे अपने जीवन…

गायत्री का मंत्रार्थ (Gayatri Ka Mantrartha)

गायत्री का मंत्रार्थ (Gayatri Ka Mantrartha)

‘गायत्री का मंत्रार्थ’ पं. श्रीराम शर्मा आचार्य द्वारा रचित एक अनुपम ग्रंथ है, जो गायत्री मंत्र के गूढ़ अर्थ और आध्यात्मिक रहस्यों को सरलता और स्पष्टता से उजागर करता है। इस पुस्तक का उद्देश्य गायत्री मंत्र को केवल एक पवित्र श्लोक के रूप में प्रस्तुत करना नहीं, बल्कि उसके भीतर छिपे हुए दिव्य ज्ञान को…

गायत्री की दैनिक साधना एवं यज्ञ पद्धति (Gayatri Ki Dainik Sadhana evam Yagya Paddhati)

गायत्री की दैनिक साधना एवं यज्ञ पद्धति (Gayatri Ki Dainik Sadhana evam Yagya Paddhati)

‘गायत्री की दैनिक साधना एवं यज्ञ पद्धति’ पं. श्रीराम शर्मा आचार्य द्वारा रचित एक अत्यंत महत्वपूर्ण ग्रंथ है, जो साधकों को गायत्री मंत्र के माध्यम से आत्मिक विकास और जीवन में सकारात्मक परिवर्तन का मार्ग दिखाता है। यह पुस्तक दैनिक साधना के महत्व और यज्ञ की विधि को सरल भाषा में प्रस्तुत करती है। गायत्री…

भोले की किरपा, जिस पर भी रहती है

|| भोले की किरपा, जिस पर भी रहती है || भोले की किरपा, जिस पर भी रहती है, उसके घर में सुख की, गंगा बहती है, पूछ लो चाहे जाके, इसके भक्तो से, मैं नही कहता, सारी दुनिया कहती है, भोलें की किरपा, जिस पर भी रहती है, उसके घर में सुख की, गंगा बहती…

अरज सुणो बनवारी

|| अरज सुणो बनवारी || अरज सुणो बनवारी सांवरियां म्हारी, अरज सुणो बनवारी, अरज सुनो गिरधारी सांवरिया म्हारी, अरज सुनो गिरधारी ॥ श्वास श्वास मे थारे सुमीरु दाता, भूलों मति बनवारी, भुल गया तो रे, लाज जावेगी, हँसी होवेगी घणी थारी, सांवरियां म्हारी अरज सुणो बनवारी ॥ माया नागणि कियो है कुन्डालो दाता, ईण ते…

भाव सुमन लेकर मैं बैठा, गौरी सुत स्वीकार करो

|| भाव सुमन लेकर मैं बैठा, गौरी सुत स्वीकार करो || भाव सुमन लेकर मैं बैठा, गौरी सुत स्वीकार करो, हे गणनायक शुभ वरदायक, हे गणनायक शुभ वरदायक, आकर सिर पर हाथ धरो, भाव सुमन लेकर मै बैठा, गौरी सुत स्वीकार करो ॥ विद्यावारिधि बुद्धिविधाता, आप दया के सागर हो, भक्तों के दुःख हरने वाले,…

भटकूं क्यों मैं भला, संग मेरे है सांवरा

|| भटकूं क्यों मैं भला, संग मेरे है सांवरा || भटकूं क्यों मैं भला, संग मेरे है सांवरा, जब तूफानों ने रुलाया, लिले चढ़कर श्याम आया, मुस्कुरा कर मुझसे बोला, मैं तेरा हूँ मैं तेरा, भटकूँ क्यों मैं भला, संग मेरे है सांवरा ॥ श्याम जबसे है मिला, फुल मधुबन का खिला, लाख पतझड़ सर…

भस्मी लगाएं बाबा, उज्जैन के वो राजा

|| भस्मी लगाएं बाबा, उज्जैन के वो राजा || कालो के काल है, मृत्यु के है वो राजा, भस्मी लगाएं बाबा, उज्जैन के वो राजा ॥ दीदार करना चाहूं, दर्शन को प्यासी अखियां, चरणों में रहना चाहूं, बस दिल की एक आशा, उज्जैन में भी आऊ, दर्शन भी करना चाहूं, महाकाल की वो महिमा, सबको…

भरी उनकी आँखों में है, कितनी करुणा

|| भरी उनकी आँखों में है, कितनी करुणा || भरी उनकी आँखों में है, कितनी करुणा जाकर सुदामा भिखारी से पूछो है करामात क्या उनके चरणों की रज जाकर के गौतम की नारी से पूछो कृपा कितनी करते हैं शरणागतों पे कृपा कितनी करते हैं शरणागतों पे बता सकते हैं यदि, बता सकते हैं यदि…

भरदे रे श्याम झोली भरदे

|| भरदे रे श्याम झोली भरदे || भरदे रे श्याम झोली भरदे, भरदे, ना बहला ओ बातों में, ना बहला ओ, बातों में ॥ नादान है अनजान हैं, श्याम तू ही मेरा भगवान है, तुझे चाहूं तुझे पाऊं, मेरे दिल का यही अरमान है, पढ़ ले रे श्याम दिल की पढ़ले, सब लिखा है आंखों…

ऐसी भक्ति महादेव दे दो हमें

|| ऐसी भक्ति महादेव दे दो हमें || ऐसी भक्ति हे शम्भू दे दो मुझे, रात दिन मैं भजन तेरे गाता रहूं, जैसा भी आए ग़म जिंदगी में मगर, दो वो शक्ति की मैं मुस्कुराता रहूं, ऐसी भक्ति महादेव दे दो हमें, रात दिन हम भजन तेरे गाते रहें ॥ तार ऐसा जुड़े जो ना…

ज्येष्ठ संकष्टी गणेश चतुर्थी व्रत कथा

|| ज्येष्ठ संकष्टी गणेश चतुर्थी व्रत कथा PDF || सतयुग में एक पृथु नामक राजा हुए जिन्होंने सौ यज्ञ किए। उनके राज्य में दयादेव नामक एक विद्वान ब्राह्मण रहते थे, जिनके चार पुत्र थे। पिता ने वैदिक विधि से अपने पुत्रों का विवाह कर दिया। उन चार बहुओं में सबसे बड़ी बहू अपनी सास से…

आषाढ़ संकष्टी गणेश चतुर्थी व्रत कथा

|| आषाढ़ संकष्टी गणेश चतुर्थी व्रत कथा PDF || पार्वती जी ने पूछा, “हे पुत्र! आषाढ़ कृष्ण चतुर्थी को गणेश जी की पूजा कैसे करनी चाहिए? आषाढ़ मास के गणपति देवता का क्या नाम है? उनके पूजन का क्या विधान है? कृपया आप मुझे बताइए।” गणेश जी ने कहा, “आषाढ़ कृष्ण चतुर्थी के दिन कृष्णपिङ्गल…

निर्जला एकादशी व्रत कथा

|| निर्जला एकादशी का महत्त्व || एकादशी व्रत हिन्दुओ में सबसे अधिक प्रचलित व्रत माना जाता है। वर्ष में चौबीस एकादशियाँ आती हैं, किन्तु इन सब एकादशियों में ज्येष्ठ शुक्ल एकादशी सबसे बढ़कर फल देने वाली समझी जाती है क्योंकि इस एक एकादशी का व्रत रखने से वर्ष भर की एकादशियों के व्रत का फल…

Garg Samhita Gita Press Download (सम्पूर्ण गर्ग संहिता)

Garg Samhita Gita Press Download (सम्पूर्ण गर्ग संहिता)

श्री गर्ग संहिता एक महत्वपूर्ण पौराणिक ग्रंथ है जो भगवान कृष्ण और राधा के लीलाओं, उनके प्रेम, और उनसे संबंधित अन्य महत्वपूर्ण घटनाओं का विस्तृत वर्णन प्रस्तुत करता है। यह संहिता महर्षि गर्ग द्वारा संकलित की गई मानी जाती है, जो यादवों के कुलगुरु थे और भगवान कृष्ण के जीवन से गहराई से जुड़े थे।…

गोरी सुत गणराज पधारो

|| गोरी सुत गणराज पधारो || गौरी सूत गणराज पधारो, आके सारे काज सवारों, तुझको आना होगा, तुझको आना होगा ॥ सारे देवो में पहले तुझको मनाये, तू ही दयालु सारे विघ्न हटाये, गिरजा के प्यारे बाबा शिव के दुलारे, दुखड़ो से आके देवा हमको उबारो, तुझको आना होगा, तुझको आना होगा ॥ गोरी सुत…

गौरी सूत शंकर लाल

|| गौरी सूत शंकर लाल || गौरी सूत शंकर लाल, विनायक मेरी अरज सुनो, बैठा भागवत महा पूराण, विनायक मेरी अरज सुनो, गौरी सुत शंकर लाल, विनायक मेरी अरज सुनो ॥ सब देवन मे आप बड़े हो, तुमको प्रथम मनावे, घर मे गणपति सदा बिराजे, कारज शुभ करावे, संग रिद्धि सिद्धि, संग रिद्धि सिद्धि आओ…

घनश्याम तेरी बंसी, पागल कर जाती है

|| घनश्याम तेरी बंसी, पागल कर जाती है || घनश्याम तेरी बंसी, पागल कर जाती है, मुस्कान तेरी मोहन, घायल कर जाती है ॥ घनश्याम तेरी बंसी, पागल कर जाती है, मुस्कान तेरी मोहन, घायल कर जाती है ॥ सोने की होती तो, क्या करते तुम मोहन, ये बांस की होकर भी, दुनिया को नचाती…

घनश्याम तुम ना आये, जीवन ये बीता जाये

|| घनश्याम तुम ना आये, जीवन ये बीता जाये || घनश्याम तुम ना आये, जीवन ये बीता जाये ॥ तेरा वियोग प्यारे, अब तो सहा ना जाये, एक बार आ भी जाओ, बैठे हो क्यो छिपाये, घनश्याम तुम ना आए, जीवन ये बीता जाये ॥ मैं ढूढ़ती थी दर दर, पर तुम नजर ना आये,…

गोविंदा आने वाला है

|| गोविंदा आने वाला है || करलो तैयारी स्वागत की, गोविंदा आने वाला है, गोविंदा आने वाला हैं, गोपाला आने वाला है, करलो तैयारी स्वागत की, गोविंदा आने वाला हैं ॥ फूलों से गलियां सजवाओ, मटके में माखन भरवाओ, ग्वालो बालों को संग लाकर, वो रास रचाने वाला है, करलो तैयारी स्वागत की, गोविंदा आने…

घनश्याम तुम्हारे मंदिर में

|| घनश्याम तुम्हारे मंदिर में || घनश्याम तुम्हारे मंदिर में, मैं तुम्हे रिझाने आई हूँ, वाणी में तनिक मिठास नहीं, पर विनय सुनाने आई हूँ ॥ मैं देखूं अपने कर्मो को, फिर दया को तेरी करूणा को, ठुकराई हुई मैं दुनिया से, तेरा दर खटकाने आई हूँ, घनश्याम तुम्हारें मंदिर में, मैं तुम्हे रिझाने आई…

गुणवान मेरे गणपति बुद्धि के है दाता

|| गुणवान मेरे गणपति बुद्धि के है दाता || गुणवान मेरे गणपति बुद्धि के है दाता है मेरे दाता सबके दाता भाग्यविधाता । मेरे दाता,मेरे दाता, मेरे दाता, मेरे दाता है मेरे दाता सबके दाता भाग्यविधाता ॥ बैठे है ऊँचे आसन डाले तन दुशाला है वो ही सुनने वाला है वो ही सूंड वाला है…

गुरु शिव को बना लीजिए

|| गुरु शिव को बना लीजिए || गुरु शिव को बना लीजिए, भक्ति से घर सजा लीजिये ॥ कर नहीं है तो लाचार है, है तो ताली बजा दीजिये । गुरु शिव को बना लीजिये, भक्ति से घर सजा लीजिये ॥ गुरु सेवा से ही ज्ञान का, ज्योति दिल में जला लीजिये । गुरु शिव…

घुमा दें मोरछड़ी

|| घुमा दें मोरछड़ी || बाबा थारी मोरछड़ी, घूमे करे कमाल । धूम मची खाटू नगर में, भक्तां करे धमाल ॥ हीरा मोत्या जड़ी जड़ी, संकट काटे खड़ी खड़ी, मेरे सर पे बाबा श्याम, घुमा दें मोरछड़ी, मेरे सर पे बाबा श्याम, घुमा दें मोरछड़ी ॥ शरण पड्या म्हे थारी अरज करा, खोलो पट बाबा…

घुमतड़ा घर आवो, ओ म्हारा प्यारा गजानन

|| घुमतड़ा घर आवो, ओ म्हारा प्यारा गजानन || घुमतड़ा घर आवो, ओ म्हारा प्यारा गजानन, खेलतड़ा घर आवो, ओ म्हारा प्यारा गजानन ॥ ब्रम्हा पधारो विष्णु पधारो देवा, संग में ले आना सरस्वती को, ओ म्हारा प्यारा गजानन, घुमतड़ा घर आवों, ओ म्हारा प्यारा गजानन ॥ राम पधारो लक्ष्मण पधारो देवा, संग में ले…

हार गया हूँ जग से बाबा

|| हार गया हूँ जग से बाबा || हार गया हूँ जग से बाबा, मुझको गले लगा लो तुम, लायक नहीं हूँ दर के तेरे, लायक नहीं हूँ दर के तेरे, लायक मुझको बना लो तुम, हार गया हूं जग से बाबा, मुझको गले लगा लो तुम ॥ पापी हूँ या कपटी हूँ मैं, जैसा…

ராஜராஜேஸ்வரி ஸ்தோத்திரம்

|| ராஜராஜேஸ்வரி ஸ்தோத்திரம் (Rajarajeshwari Stotram Tamil PDF) || யா த்ரைலோக்யகுடும்பிகா வரஸுதாதாராபி- ஸந்தர்பிணீ பூம்யாதீந்த்ரிய- சித்தசேதனபரா ஸம்வின்மயீ ஶாஶ்வதீ. ப்ரஹ்மேந்த்ராச்யுத- வந்திதேஶமஹிஷீ விஜ்ஞானதாத்ரீ ஸதாம் தாம் வந்தே ஹ்ருதயத்ரிகோணநிலயாம் ஶ்ரீராஜராஜேஶ்வரீம். யாம் வித்யேதி வதந்தி ஶுத்தமதயோ வாசாம் பராம் தேவதாம் ஷட்சக்ராந்தநிவாஸினீம் குலபதப்ரோத்ஸாஹ- ஸம்வர்தினீம். ஶ்ரீசக்ராங்கிதரூபிணீம் ஸுரமணேர்வாமாங்க- ஸம்ஶோபினீம் தாம் வந்தே ஹ்ருதயத்ரிகோணநிலயாம் ஶ்ரீராஜராஜேஶ்வரீம். யா ஸர்வேஶ்வரனாயிகேதி லலிதேத்யானந்த- ஸீமேஶ்வரீ- த்யம்பேதி த்ரிபுரேஶ்வரீதி வசஸாம் வாக்வாதினீத்யன்னதா. இத்யேவம் ப்ரவதந்தி ஸாதுமதய꞉ ஸ்வானந்தபோதோஜ்ஜ்வலா꞉ தாம் வந்தே…

हार गया हूँ बाबा, अब तो आके थाम रे

|| हार गया हूँ बाबा, अब तो आके थाम रे || हार गया हूँ बाबा, अब तो आके थाम रे, सुन सांवरे हारे का सहारा, तेरा नाम रे ॥ दर्दी के तूने बाबा, दर्द मिटाए, दुखड़े गिनाऊँ कितने, जाए ना गिनाएं, मैंने सुना है दर पे, मैंने सुना है दर पे, बनते बिगड़े काम रे,…

गिरिजा के छैया, गणपति तुम्हे पुकारूँ

|| गिरिजा के छैया, गणपति तुम्हे पुकारूँ || गिरिजा के छैया, गणपति तुम्हे पुकारूँ, पूजूं मैं तुम्हे, आरती तेरी उतारूँ, गिरिजा के छैंया ॥ पान फूल मेवा से, चरणों की सेवा से, प्रथम तुम्हे पूजूं, मैं छवि चित धारण, गिरिजा के छैंया, गणपति तुम्हे पुकारूँ, गिरिजा के छैंया ॥ देव दुष्ट हन्ता हो, जगत के…

गोबिंद चले चरावन गैया

|| गोबिंद चले चरावन गैया || गोबिंद चले चरावन गैया । दिनो है रिषि आजु भलौ दिन, कह्यौ है जसोदा मैया ॥ उबटि न्हवाइ बसन भुषन, सजि बिप्रनि देत बधैया । करि सिर तिलकु आरती बारति, फ़ुनि-फ़ुनि लेति बलैया ॥ ’चतुर्भुजदास’ छाक छीके सजि, सखिन सहित बलभैया । गिरिधर गवनत देखि अंक भर, मुख चूम्यो…

हार के आया मैं जग सारा

|| हार के आया मैं जग सारा || हार के आया मैं जग सारा, तेरी चौखट पर, तुमसे ही है सारी उम्मीदें, तुम ही लोगे खबर, सब कहते है अपने भगत की, श्याम हमेशा पत रखता है, हारे का सहारा मेरा श्याम, हमेशा मेरी लाज रखता है ॥ जग से रिश्ता तोड़ दिया है, तुझसे…

गोकुल की हर गली मे, मथुरा की हर गली मे

|| गोल की हर गली मे, मथुरा की हर गली मे || गोकुल की हर गली मे, मथुरा की हर गली मे ॥ गोकुल की हर गली मे, मथुरा की हर गली मे, कान्हा को ढूँढ़ता हूँ, दुनिया की हर गली मे ॥ गोकुल गया तो सोचा, माखन चुराता होगा, या फ़िर कदम्ब के नीचे,…

गौरा ढूंढ रही पर्वत पर

|| गौरा ढूंढ रही पर्वत पर || गौरा ढूंढ रही पर्वत पर, शिव को पति बनाने को, पति बनाने को, भोले को, पति बनाने को, गौरा ढूंढ रही पर्वत पे, शिव को पति बनाने को ॥ ना चाहिए मुझे माथे का टिका, मांग सजाने को, हमें तो चाहिए भोला तेरी माला, हरी गुण गाने को,…

രാജരാജേശ്വരീ സ്തോത്രം

|| രാജരാജേശ്വരീ സ്തോത്രം (Rajarajeshwari Stotram Malayalam PDF) || യാ ത്രൈലോക്യകുടുംബികാ വരസുധാധാരാഭി- സന്തർപിണീ ഭൂമ്യാദീന്ദ്രിയ- ചിത്തചേതനപരാ സംവിന്മയീ ശാശ്വതീ. ബ്രഹ്മേന്ദ്രാച്യുത- വന്ദിതേശമഹിഷീ വിജ്ഞാനദാത്രീ സതാം താം വന്ദേ ഹൃദയത്രികോണനിലയാം ശ്രീരാജരാജേശ്വരീം. യാം വിദ്യേതി വദന്തി ശുദ്ധമതയോ വാചാം പരാം ദേവതാം ഷട്ചക്രാന്തനിവാസിനീം കുലപഥപ്രോത്സാഹ- സംവർധിനീം. ശ്രീചക്രാങ്കിതരൂപിണീം സുരമണേർവാമാങ്ക- സംശോഭിനീം താം വന്ദേ ഹൃദയത്രികോണനിലയാം ശ്രീരാജരാജേശ്വരീം. യാ സർവേശ്വരനായികേതി ലലിതേത്യാനന്ദ- സീമേശ്വരീ- ത്യംബേതി ത്രിപുരേശ്വരീതി വചസാം വാഗ്വാദിനീത്യന്നദാ. ഇത്യേവം പ്രവദന്തി സാധുമതയഃ സ്വാനന്ദബോധോജ്ജ്വലാഃ താം വന്ദേ…

गौरा ने घोट कर, पीस कर छान कर

|| गौरा ने घोट कर, पीस कर छान कर || गौरा ने घोट कर, पीस कर छान कर, शिव को भंगिया पिलाई, मजा आ गया, छोड़ कैलाश को, पहुंचे शमशान में, गांजे की दम लगायी, मजा आ गया ॥ जब नशा भांग, गांजे का चढ़ने लगा, भोला नचने लगे, डमरू बजने लगा, जल चुकी थी…

ರಾಜರಾಜೇಶ್ವರೀ ಸ್ತೋತ್ರ

|| ರಾಜರಾಜೇಶ್ವರೀ ಸ್ತೋತ್ರ (Rajarajeshwari Stotram Kannada PDF) || ಯಾ ತ್ರೈಲೋಕ್ಯಕುಟುಂಬಿಕಾ ವರಸುಧಾಧಾರಾಭಿ- ಸಂತರ್ಪಿಣೀ ಭೂಮ್ಯಾದೀಂದ್ರಿಯ- ಚಿತ್ತಚೇತನಪರಾ ಸಂವಿನ್ಮಯೀ ಶಾಶ್ವತೀ. ಬ್ರಹ್ಮೇಂದ್ರಾಚ್ಯುತ- ವಂದಿತೇಶಮಹಿಷೀ ವಿಜ್ಞಾನದಾತ್ರೀ ಸತಾಂ ತಾಂ ವಂದೇ ಹೃದಯತ್ರಿಕೋಣನಿಲಯಾಂ ಶ್ರೀರಾಜರಾಜೇಶ್ವರೀಂ. ಯಾಂ ವಿದ್ಯೇತಿ ವದಂತಿ ಶುದ್ಧಮತಯೋ ವಾಚಾಂ ಪರಾಂ ದೇವತಾಂ ಷಟ್ಚಕ್ರಾಂತನಿವಾಸಿನೀಂ ಕುಲಪಥಪ್ರೋತ್ಸಾಹ- ಸಂವರ್ಧಿನೀಂ. ಶ್ರೀಚಕ್ರಾಂಕಿತರೂಪಿಣೀಂ ಸುರಮಣೇರ್ವಾಮಾಂಕ- ಸಂಶೋಭಿನೀಂ ತಾಂ ವಂದೇ ಹೃದಯತ್ರಿಕೋಣನಿಲಯಾಂ ಶ್ರೀರಾಜರಾಜೇಶ್ವರೀಂ. ಯಾ ಸರ್ವೇಶ್ವರನಾಯಿಕೇತಿ ಲಲಿತೇತ್ಯಾನಂದ- ಸೀಮೇಶ್ವರೀ- ತ್ಯಂಬೇತಿ ತ್ರಿಪುರೇಶ್ವರೀತಿ ವಚಸಾಂ ವಾಗ್ವಾದಿನೀತ್ಯನ್ನದಾ. ಇತ್ಯೇವಂ ಪ್ರವದಂತಿ ಸಾಧುಮತಯಃ ಸ್ವಾನಂದಬೋಧೋಜ್ಜ್ವಲಾಃ ತಾಂ ವಂದೇ…

राजराजेश्वरी स्तोत्र

|| राजराजेश्वरी स्तोत्र PDF || या त्रैलोक्यकुटुम्बिका वरसुधाधाराभि- सन्तर्पिणी भूम्यादीन्द्रिय- चित्तचेतनपरा संविन्मयी शाश्वती। ब्रह्मेन्द्राच्युत- वन्दितेशमहिषी विज्ञानदात्री सतां तां वन्दे हृदयत्रिकोणनिलयां श्रीराजराजेश्वरीम्। यां विद्येति वदन्ति शुद्धमतयो वाचां परां देवतां षट्चक्रान्तनिवासिनीं कुलपथप्रोत्साह- संवर्धिनीम्। श्रीचक्राङ्कितरूपिणीं सुरमणेर्वामाङ्क- संशोभिनीं तां वन्दे हृदयत्रिकोणनिलयां श्रीराजराजेश्वरीम्। या सर्वेश्वरनायिकेति ललितेत्यानन्द- सीमेश्वरी- त्यम्बेति त्रिपुरेश्वरीति वचसां वाग्वादिनीत्यन्नदा। इत्येवं प्रवदन्ति साधुमतयः स्वानन्दबोधोज्ज्वलाः तां वन्दे हृदयत्रिकोणनिलयां श्रीराजराजेश्वरीम्। या…

రాజరాజేశ్వరి అష్టకం

|| రాజరాజేశ్వర్యష్టకం (Rajarajeshwari Ashtakam Telugu PDF) || అంబా శాంభవి చంద్రమౌళిరబలాŻవర్ణా ఉమా పార్వతీ కాళీ హైమవతీ శివా త్రినయనీ కాత్యాయనీ భైరవీ సావిత్రీ నవయౌవనా శుభకరీ సామ్రాజ్యలక్ష్మీప్రదా చిద్రూపీ పరదేవతా భగవతీ శ్రీరాజరాజేశ్వరీ || అంబా మోహిని దేవతా త్రిభువనీ ఆనందసందాయినీ వాణీ పల్లవపాణి వేణుమురళీగానప్రియా లోలినీ కళ్యాణీ ఉడురాజబింబవదనా ధూమ్రాక్షసంహారిణీ చిద్రూపీ పరదేవతా భగవతీ శ్రీరాజరాజేశ్వరీ || అంబా నూపురరత్నకంకణధరీ కేయూరహారావళి జాతీచంపకవైజయంతిలహరీ గ్రైవేయకైరాజితా వీణావేణువినోదమండితకరా వీరాసనేసంస్థితా చిద్రూపీ పరదేవతా భగవతీ శ్రీరాజరాజేశ్వరీ…

Rajarajeshwari Ashtakam

|| Rajarajeshwari Ashtakam PDF || Amba shaambhavee chandramauleer amala aparna uma paarvathi Kaali haimavathi shiva trinayani kathyaayanee bhairavee | Savitri navayauvana shubhakari samraajya lakshmeepradhaa Chidhroopi paradevathaa bhagavathi sri rajarajeshwari || Amba mohini devatha tribhuvani ananda sandhyaayini Vanee pallava paani venu muralee gana priya lolini | Kalyanee uduraja bimba vadana dhoom raaksha samhaarini Chidhroopi paradevathaa bhagavathi…

What is HinduNidhi? & Why?
Preserving and Celebrating Hindu Devotion and Scriptures
At HinduNidhi.Com, we are dedicated to preserving and sharing the vast spiritual and cultural heritage of Hinduism. Our extensive collection of Hindu Texts includes Aarti, Chalisa, Vrat Katha, Stotram, Sahastranaam, Ashtakam, Ashtottara, Bhajan, Path, Suktam, Kavach, Hridayam, Stuti, Shloka, Mantra, Pooja Vidhi, and more. Additionally, explore our curated Hindu scriptures in PDF format and deepen your knowledge with our insightful articles in Hindu Gyan. Join our community to connect with the timeless wisdom and traditions that have shaped our civilization.

--- Connect with HinduNidhi ---

HinduNidhi Facebook HinduNidhi X (Twitter)
Download HinduNidhi App
Join WhatsApp Channel Download App