कल्कि स्तोत्र

कल्कि स्तोत्र भगवान विष्णु के दसवें और अंतिम अवतार कल्कि देव को समर्पित एक शक्तिशाली प्रार्थना है। कलियुग के अंत में अधर्म का नाश करने और धर्म की स्थापना के लिए भगवान कल्कि का अवतरण होगा। इस स्तोत्र का पाठ करने से भक्तों को भय, संकट और नकारात्मकता से मुक्ति मिलती है। कल्कि स्तोत्र PDF…

श्री नागराजा अष्टोत्तरशतनामावली

|| श्री नागराजा अष्टोत्तरशतनामावली (108 Naagraja Ashtottara Shatanamavali PDF) || नमसकारोमि देवेश नागेन्द्र हरभूषण। अभिष्टदायिने तुभ्यम् अहिराज नमो नमः॥ ओं अनन्ताय नमः। ओं वासुदेवाख्याय नमः। ओं तक्षकाय नमः। ओं विश्वतोमुखाय नमः। ओं कार्कोटकाय नमः। ओं महापद्माय नमः। ओं पद्माय नमः। ओं शङ्खाय नमः। ओं शिवप्रियाय नमः। ओं धृतराष्ट्राय नमः। 10 || ओं शङ्खपालाय नमः। ओं…

श्री नाग नाथ स्तोत्रम्

|| श्री नाग नाथ स्तोत्रम् (Naag Nath Stotram PDF) || ॐ कारवाच्योऽवतु नोऽन्धकारी स्मशानचारी भजकेष्टकारी । न क्षत्रपालङ्कृतभाल ईशः प्रभुर्गणेशः सकलामरेशः ॥ १॥ मः केशवोऽप्यस्य हि वेद नान्तं कुर्यात्स नोऽजो भववेदनान्तम् । शि वः स शम्भुर्भगवानपायात् परावरेशो गिरिशोऽद्य पायात् ॥ २॥ वा हो वृषो लेपनमस्य भूतिर्यत्पादलग्नापि महाविभूतिः । य स्यास्ति चर्माम्बरमीश स त्वं सत्त्वं विशोध्यार्पय…

नाग कवचम्

|| नाग कवचम् (Naag Kavacham PDF) || नागराजस्य देवस्य कवचं सर्वकामदम् । ऋषिरस्य महादेवो गायत्री छन्द ईरितः ॥ ताराबीजं शिवाशक्तिः क्रोधबीजस्तु कीलकः । देवता नागराजस्तु फणामणिविराजितः ॥ सर्वकामार्थ सिद्ध्यर्थे विनियोगः प्रकीर्तितः । अनन्तो मे शिरः पातु कण्ठं सङ्कर्षणस्तथा ॥ कर्कोटको नेत्रयुग्मं कपिलः कर्णयुग्मकम् । वक्षःस्थलं नागयक्षः बाहू कालभुजङ्गमः ॥ उदरं धृतराष्ट्रश्च वज्रनागस्तु पृष्ठकम् । मर्माङ्गमश्वसेनस्तु…

नाग देवता सहस्रनामावली

नाग देवता सहस्रनामावली में नाग देवताओं के 1000 पवित्र नामों का उल्लेख है। नाग देवता भारतीय संस्कृति और धार्मिक परंपराओं में अत्यंत पूजनीय हैं। उन्हें सृष्टि के रक्षक, सर्पों के अधिपति और भगवान शिव के अनन्य सेवक के रूप में मान्यता प्राप्त है। नाग देवता को आध्यात्मिक शक्ति, शौर्य और सुरक्षा का प्रतीक माना गया…

श्री नागपंचमीची कथा

|| श्री नागपंचमीची कथा (Nagpanchami Katha Marathi PDF) || श्रावण महिन्यातील नागपंचमीच्या दिवशी, एका गावात एक शेतकरी राहायचा. त्याच्या शेतात नागाचे वारूळ होते. एके दिवशी शेतात नांगरताना, नांगराच्या फाळाने वारुळातील नागाची पिल्ले चिरडून गेली आणि ती मरण पावली. थोवेळाने नागीण वारुळाजवळ आली. आपले वारूळ आणि पिल्ले तिथे नसल्याचे पाहून तिला धक्का बसला. आजूबाजूला पाहिल्यावर तिला…

नाग शान्ति स्तोत्रम्

|| नाग शान्ति स्तोत्रम् (Nagashanti Stotram PDF) || श्री गणेशाय नमः । श्री हाटकेश्वराय नमः । आरक्तेन शरीरेण रक्तान्तायतलोचनः। महाभोगकृताटोपः शङ्खाब्जकृतलाञ्छनः॥ अनन्तो नागराजेन्द्रः शिवपादार्चने रतः। महापापविषं हत्वा शान्तिमाशु करोतु मे॥ सुश्वेतेन तु देहेन सुश्वेतोत्पलशेखरः। चारुभोगकृताटोपो हारचारुविभूषणः॥ वासुकिर्नाम नागेन्द्रो रुद्रपूजापरो महान्। महापापं विषं हत्वा शान्तिमाशु करोतु मे॥ अतिपीतेन देहेन विस्फुरद्भोगसम्पदा। तेजसाचाऽतिदीप्तेन कृतः स्वस्तिकलाञ्छनः॥ नागराट् तक्षकः श्रीमान्नागकोट्यासमन्वितः।…

शेषनाग की आरती

|| शेषनाग की आरती (Sheshnag ki Aarti PDF) || आरती कीजे श्री नागदेवता की , भूमि का भार वहनकर्ता की॥ उग्र रूप है तुम्हारा देवा, भक्त सभी करते है सेवा॥ मनोकामना पूरण करते, तन-मन से जो सेवा करते। भक्तो के संकट हारी की, आरती कीजे श्री नागदेवता की , भूमि का भार वहनकर्ता की॥ महादेव…

बिना तोड़फोड़ के करें वास्तु दोष निवारण – 10 आसान उपाय

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अक्सर लोग सोचते हैं कि वास्तु दोष निवारण के लिए तोड़फोड़ ही एकमात्र उपाय है, लेकिन यह सच नहीं है! वास्तु शास्त्र में ऐसे कई प्रभावी और आसान उपाय बताए गए हैं जिन्हें बिना किसी बड़े बदलाव के लागू किया जा सकता है। क्या आपका घर आपको असहज महसूस कराता है? क्या आप लगातार चुनौतियों…

Meenakshi Amman Temple History – मीनाक्षी अम्मन मंदिर का रहस्य, स्थापत्य और अध्यात्म, मदुरै की अधिष्ठात्री देवी जिनकी दृष्टि में बसता है ब्रह्मांड

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भारत के दक्षिणी छोर पर स्थित तमिलनाडु राज्य का मदुरै शहर, अपनी जीवंत संस्कृति और ऐतिहासिक भव्यता के लिए जाना जाता है। इस शहर के हृदय में सदियों से खड़ा है मीनाक्षी अम्मन मंदिर, जो न केवल एक पूजा स्थल है बल्कि दक्षिण भारतीय वास्तुकला, कला और आध्यात्मिकता का एक जीता-जागता संग्रहालय भी है। यह…

चंद्रग्रहण की छाया में छिपा है काल का रहस्य – जानिए व्रत के नियम जो यमराज तक को प्रभावित करते हैं!

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क्या आप जानते हैं कि चंद्रग्रहण सिर्फ एक खगोलीय घटना नहीं, बल्कि गहरे आध्यात्मिक रहस्यों का द्वार भी है? भारतीय ज्योतिष और धर्मग्रंथों में चंद्रग्रहण को एक अत्यंत महत्वपूर्ण काल माना गया है, जिसमें किए गए कुछ विशेष व्रत और नियमों का पालन न सिर्फ आपके जीवन पर बल्कि आपकी आध्यात्मिक यात्रा पर भी गहरा…

समुद्र मंथन की वो कथा जिसे पुराणों ने छुपा लिया – जानिए 15वें रत्न का रहस्य जिसे नहीं बताया गया

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भारतीय पौराणिक कथाओं में समुद्र मंथन का प्रसंग एक अत्यंत महत्वपूर्ण और रोमांचक घटना है। यह देवों और असुरों के मध्य हुए उस महान संघर्ष की कहानी है, जिसने ब्रह्मांड में संतुलन स्थापित किया और कई अनमोल रत्नों को जन्म दिया। हम सभी 14 रत्नों के बारे में जानते हैं, जिनमें अमृत, लक्ष्मी, ऐरावत और…

भुवनेश्वरी पंचक स्तोत्र

भुवनेश्वरी पंचक स्तोत्र माँ भुवनेश्वरी को समर्पित एक अत्यंत शक्तिशाली और फलदायी स्तोत्र है। यह स्तोत्र माँ के पांच रूपों का वर्णन करता है, जो सृष्टि, स्थिति और संहार की अधिष्ठात्री देवी हैं। साधक इस स्तोत्र के पाठ से माँ भुवनेश्वरी की असीम कृपा प्राप्त कर सकते हैं, जिससे जीवन में सुख-शांति, समृद्धि और अभीष्ट…

श्री भुवनेश्वरी अष्टोत्तरशतनामवली

श्री भुवनेश्वरी अष्टोत्तरशतनामवली माँ भुवनेश्वरी के 108 पवित्र नामों का संग्रह है। यह दिव्य नामवली भक्तों को देवी के विभिन्न स्वरूपों और गुणों का स्मरण कराती है। माँ भुवनेश्वरी, दस महाविद्याओं में से एक, जगत की अधिष्ठात्री देवी मानी जाती हैं। इनकी उपासना से साधक को ऐश्वर्य, सौभाग्य, धन, संतान और मोक्ष की प्राप्ति होती…

देवी भुवनेश्वरी सहस्रनामावली

देवी भुवनेश्वरी सहस्रनामावली, देवी भुवनेश्वरी के हजारों नामों का एक संग्रह है, जो उनकी महिमा और विविध रूपों का गुणगान करता है। यह नामावली भक्तों को देवी के दिव्य गुणों और शक्तियों को समझने में सहायता करती है। इसके पाठ से आध्यात्मिक शांति, समृद्धि और सभी मनोकामनाओं की पूर्ति होती है। जो भक्त देवी भुवनेश्वरी…

क्या गंधर्व और अप्सराएं आज भी करती हैं स्वर्ग में नृत्य? जानिए उनकी उत्पत्ति और रहस्य

gandharv or apsraye

स्वर्ग की कल्पना करते ही हमारे मन में एक भव्य, अलौकिक और सुखमय लोक की छवि उभरती है। इस छवि का एक अभिन्न अंग हैं गंधर्व और अप्सराएं – वे दिव्य प्राणी जो अपनी कला, सौंदर्य और मोहकता से स्वर्ग को जीवंत बनाते हैं। लेकिन क्या ये केवल प्राचीन कथाओं के पात्र हैं, या आज…

मंत्र, तंत्र और यंत्र – क्या है इनका आध्यात्मिक विज्ञान?

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क्या आपने कभी सोचा है कि सदियों से चली आ रही “मंत्र”, “तंत्र” और “यंत्र” की अवधारणाएं सिर्फ अंधविश्वास हैं या इनके पीछे कोई गहरा आध्यात्मिक और वैज्ञानिक रहस्य छिपा है? भारतीय संस्कृति और अध्यात्म में इनका महत्वपूर्ण स्थान रहा है, लेकिन आधुनिक युग में इन्हें अक्सर गलत समझा जाता है या फिर इनका दुरुपयोग…

सप्ताह के व्रत और उनके देवता – कौन सा व्रत किस दिन रखें?

saptah ke devta or vrat

क्या आप जानते हैं कि सप्ताह के प्रत्येक दिन का अपना एक विशेष महत्व होता है? हमारे सनातन धर्म में, हर दिन किसी न किसी देवी-देवता को समर्पित है, और उनसे संबंधित व्रत रखने से विशेष फल की प्राप्ति होती है। ये व्रत न केवल हमें आध्यात्मिक रूप से मजबूत करते हैं, बल्कि शारीरिक और…

मंदिर जहाँ खुद बसा है ब्रह्मांड – जानिए खजुराहो की गुप्त कथा

khajuraho mandir

क्या आपने कभी सोचा है कि पत्थर में जीवन कैसे उतर सकता है? या फिर कैसे कुछ हजार साल पहले के कारीगरों ने ऐसी वास्तुकला गढ़ दी, जो आज भी वैज्ञानिकों और कलाकारों को अचंभित करती है? हम बात कर रहे हैं भारत के हृदय, मध्य प्रदेश में बसे खजुराहो के उन मंदिरों की, जिन्हें…

क्या सच में हुआ था समुद्र मंथन? जानिए इसके पीछे की अद्भुत कथा

samundra manthan

भारतीय पौराणिक कथाओं में समुद्र मंथन (Ocean Churning) एक ऐसी घटना है, जिसका जिक्र सदियों से होता आ रहा है। यह एक ऐसी गाथा है जो देवों और असुरों के बीच अमृत प्राप्ति के लिए किए गए विशाल प्रयास को दर्शाती है। लेकिन क्या यह सिर्फ एक कहानी है, या इसके पीछे कोई गहरा अर्थ…

33 कोटि देवता – कितने हैं वास्तव में? जानिए पौराणिक रहस्य

33 koti devta

क्या आपने कभी सोचा है कि “33 कोटि देवता” का अर्थ क्या है? क्या ये वास्तव में 33 करोड़ देवी-देवता हैं, या इसका कोई गहरा अर्थ है? यह प्रश्न सदियों से भक्तों और विद्वानों के बीच कौतूहल का विषय रहा है। आइए, इस पौराणिक रहस्य को खोलें और जानें इसके पीछे का वास्तविक अर्थ। 33…

अगस्त 2025 हिन्दू कैलेंडर – इस अगस्त में क्या है खास? जानिए अगस्त 2025 के सभी हिन्दू पर्व और उपवास की तिथियाँ

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अगस्त का महीना भारतीय संस्कृति में विशेष धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व रखता है। यह वह समय होता है जब वर्षा ऋतु अपने चरम पर होती है और वातावरण शुद्ध, पवित्र एवं भक्तिभाव से परिपूर्ण होता है। अगस्त 2025 हिन्दू कैलेंडर के अनुसार, इस महीने में कई महत्वपूर्ण हिन्दू पर्व, उपवास और देवी-देवताओं की पूजन तिथियाँ…

7 Mukhi Rudraksha Secrets – 7 मुखी रुद्राक्ष के रहस्य, कौन पहन सकता है और क्या हैं इसके फायदे?

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7 मुखी रुद्राक्ष एक दिव्य और शक्तिशाली बीज होता है, जिसे हिंदू धर्म में अत्यंत पवित्र और चमत्कारी माना जाता है। विभिन्न मुखी रुद्राक्षों का अलग-अलग देवी-देवताओं से संबंध होता है और वे भिन्न लाभ प्रदान करते हैं। 7 मुखी रुद्राक्ष का विशेष संबंध देवी महालक्ष्मी और भगवान शनि से है। इसे धारण करने से…

हरतालिकेची आरती

हरतालिकेची आरती ही महाराष्ट्रातील स्त्रियांसाठी एक अत्यंत महत्त्वाची आणि पवित्र पूजा मानली जाते. ही आरती पारंपारिकरित्या गणेश चतुर्थीच्या आदल्या दिवशी केली जाते, जेव्हा स्त्रिया भगवान शंकरांना चांगला पती मिळावा किंवा पतीच्या दीर्घायुष्यासाठी प्रार्थना करतात. या पूजेमध्ये देवी पार्वती आणि भगवान शिव यांची उपासना केली जाते. ‘हरतालिकेची आरती PDF’ स्वरूपात उपलब्ध असल्याने ती घराघरात पोहोचली आहे….

Shri Mangala Gauri Aarti

Shri Mangala Gauri Aarti is a sacred hymn dedicated to Goddess Mangala Gauri, especially revered during the Shravan month by married women seeking marital bliss and the well-being of their families. Chanting this aarti with devotion brings peace, prosperity, and protection from negative energies. It is commonly performed during the Mangala Gauri Vrat on Tuesdays….

मंगला गौरी आरती

मंगला गौरी आरती, माँ गौरी की भक्ति का एक अनुपम साधन है, जो विशेष रूप से सावन मास के मंगलवार को उनके भक्तों द्वारा गाई जाती है। यह आरती माँ पार्वती के उस स्वरूप को समर्पित है, जो सुख-समृद्धि और अखंड सौभाग्य प्रदान करता है। मंगला गौरी आरती के माध्यम से भक्त अपनी श्रद्धा और…

श्री ललिता माता आरती

माँ ललिता त्रिपुरसुंदरी, दस महाविद्याओं में सर्वोच्च स्थान रखती हैं। उनकी आराधना से जीवन में सुख-समृद्धि, ज्ञान और मोक्ष की प्राप्ति होती है। श्री ललिता माता आरती उनके भक्तों के लिए एक शक्तिशाली माध्यम है अपनी श्रद्धा अर्पित करने का। यह आरती माँ की महिमा, उनके दिव्य स्वरूप और आशीर्वाद का गुणगान करती है। श्री…

श्री दंतेश्वरी माता आरती

श्री दंतेश्वरी माता आरती छत्तीसगढ़ के बस्तर अंचल में अत्यंत श्रद्धा के साथ गाई जाने वाली आरती है, जो माँ दंतेश्वरी की महिमा और शक्ति का गुणगान करती है। माँ दंतेश्वरी देवी शक्ति की अवतार मानी जाती हैं और बस्तर दशहरा में इनकी विशेष पूजा होती है। भक्तजन इस आरती के माध्यम से माँ से…

श्री हलषष्ठी माता आरती

श्री हलषष्ठी माता आरती का पाठ विशेष रूप से हलषष्ठी व्रत के अवसर पर किया जाता है, जो पुत्र सुख, संतान की दीर्घायु और समृद्धि की प्राप्ति हेतु मनाया जाता है। यह आरती मातृशक्ति की कृपा प्राप्त करने का एक श्रेष्ठ माध्यम है। मान्यता है कि श्री हलषष्ठी माता की आराधना करने से महिलाएं स्वस्थ…

श्री सप्तश्रृंगा अंबा आरती

श्री सप्तश्रृंगा अंबा आरती माँ सप्तश्रृंगी देवी की महिमा का वर्णन करने वाली एक भक्तिपूर्ण आरती है, जो महाराष्ट्र के नासिक जिले में स्थित सप्तश्रृंगी देवी मंदिर में विशेष रूप से गाई जाती है। भक्तगण इस आरती के माध्यम से माँ की कृपा प्राप्त करते हैं और अपने जीवन के संकटों से मुक्ति पाते हैं।…

कर्क संक्रान्ति कथा

कर्क संक्रांति का पर्व सूर्य देव के कर्क राशि में प्रवेश का प्रतीक है। यह वह समय है जब सूर्य दक्षिणायन में प्रवेश करते हैं, यानी दक्षिणी गोलार्ध की ओर अपनी यात्रा शुरू करते हैं। प्राचीन कथाओं के अनुसार, इस दिन भगवान विष्णु योगनिद्रा से जागृत होकर सृष्टि के संचालन का कार्यभार संभालते हैं। यह…

चैत्र अमावस्या व्रत कथा

|| चैत्र अमावस्या व्रत कथा PDF || चैत्र अमावस्या का दिन धार्मिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। यह दिन पितरों की शांति और दान-पुण्य के लिए समर्पित है। इस दिन व्रत रखने और कथा सुनने का विशेष महत्व है। आइए जानते हैं चैत्र अमावस्या व्रत कथा: पौराणिक कथा के अनुसार, प्राचीन काल में…

आषाढ़ अमावस्या व्रत कथा

|| आषाढ़ अमावस्या व्रत कथा PDF || प्राचीन काल में एक ब्राह्मण दंपत्ति थे, जो भगवान विष्णु के परम भक्त थे। वे अपना अधिकांश समय पूजा-पाठ और ध्यान में व्यतीत करते थे। उनके घर में धन-धान्य की कोई कमी नहीं थी, लेकिन संतान न होने के कारण वे बहुत दुखी रहते थे। एक दिन ब्राह्मण…

आश्विन अमावस्या व्रत कथा

आश्विन अमावस्या, जिसे सर्वपितृ अमावस्या या महालय अमावस्या के नाम से भी जाना जाता है, पितृ पक्ष का अंतिम दिन होता है। यह दिन पितरों को विदा करने और उनका आशीर्वाद प्राप्त करने के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। इस दिन व्रत कथा का पाठ करने और सुनने से पितरों को शांति मिलती है…

भाद्रपद अमावस्या व्रत कथा

|| भाद्रपद अमावस्या व्रत कथा PDF || भाद्रपद अमावस्या को पिठोरी अमावस्या या पोलाला अमावस्या के नाम से भी जाना जाता है। इस दिन संतान की लंबी आयु और सुख-समृद्धि के लिए व्रत रखा जाता है। इस व्रत से जुड़ी एक पौराणिक कथा इस प्रकार है: बहुत समय पहले की बात है, एक नगर में…

श्री गणेश हृदयम्

गणेश हृदयम् भगवान गणेश के हृदय स्वरूप का गुणगान करने वाला एक अत्यंत शक्तिशाली और गूढ़ स्तोत्र है। यह स्तोत्र साधकों को आध्यात्मिक शक्ति, बुद्धि, समृद्धि और विघ्न-विनाशक कृपा प्रदान करता है। गणेश को विघ्नहर्ता कहा जाता है, और इस स्तोत्र का पाठ सभी प्रकार की बाधाओं को दूर करने में सहायक होता है। जो…

क्या आप जानते हैं? हर देवता का अलग होता है गायत्री मंत्र, जानिए संपूर्ण सूची और लाभ

gayatri mantra

गायत्री मंत्र का नाम सुनते ही हम में से अधिकांश के मन में ॐ भूर्भुवः स्वः तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि धियो यो नः प्रचोदयात् मंत्र आता है। यह ऋग्वेद से लिया गया एक अत्यंत शक्तिशाली और प्रसिद्ध मंत्र है, जो सविता देवता (सूर्य देव) को समर्पित है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि हमारे प्रत्येक…

वासुदेवाष्टकम्

|| वासुदेवाष्टकम् (Vaasudev Ashtakam PDF) || ॥ अथ श्री वासुदेवाष्टकं ॥ श्रीवासुदेव सरसीरुहपाञ्चजन्यकौमोदकीभयनिवारणचक्रपाणे । श्रीवत्सवत्स सकलामयमूलनाशिन् श्रीभूपते हर हरे सकलामयं मे ॥ १॥ गोविन्द गोपसुत गोगणपाललोल गोपीजनाङ्गकमनीयनिजाङ्गसङ्ग । गोदेविवल्लभ महेश्वरमुख्यवन्द्य श्रीभूपते हर हरे सकलामयं मे ॥ २॥ नीलाळिकेश परिभूषितबर्हिबर्ह काळांबुदद्युतिकळायकळेबराभ । वीर स्वभक्तजनवत्सल नीरजाक्ष श्रीभूपते हर हरे सकलामयं मे ॥ ३॥ आनन्दरूप जनकानकपूर्वदुन्दुभ्यानन्दसागर सुधाकरसौकुमार्य ।…

श्री वराहाष्टोत्तरशतनाम स्तोत्रम्

श्री वराहाष्टोत्तरशतनाम स्तोत्रम् भगवान विष्णु के वराह अवतार को समर्पित एक अत्यंत प्रभावशाली स्तोत्र है, जिसमें उनके 108 दिव्य नामों का वर्णन किया गया है। इस स्तोत्र का पाठ करने से भक्तों को नकारात्मक शक्तियों से मुक्ति, भूमि संबंधी कष्टों से राहत और आध्यात्मिक उन्नति प्राप्त होती है। “श्री वराहाष्टोत्तरशतनाम स्तोत्रम् pdf” डाउनलोड कर इसका…

आरती रामदासा – रामदासाची आरती

ही रामदासाची आरती PDF केवळ भक्तीचा अनुभव देत नाही, तर आपल्या मनाला स्थैर्य, प्रेरणा आणि आध्यात्मिक बळही प्रदान करते. आरतीच्या ओळींमध्ये संत रामदास स्वामींचे गुणगान, त्यांचे समाजासाठी केलेले कार्य आणि भगवंतावरची अटळ श्रद्धा यांचे वर्णन आहे. ही आरती म्हणताना मन भक्तिभावाने ओतप्रोत होते आणि आपल्या जीवनातील अडचणी दूर होण्यास मदत मिळते. रामदासाची आरती PDF डाउनलोड…

श्रीव्याडेश्वर आरती

श्रीव्याडेश्वर आरती ही व्याडेश्वर देवाला समर्पित एक पवित्र विधी आहे. भक्ती आणि श्रद्धेने गायली जाणारी ही आरती आपल्या जीवनात शांतता आणि समृद्धी आणते. भगवान व्याडेश्वर हे संकटे दूर करणारे आणि मनोकामना पूर्ण करणारे देवता मानले जातात. तुम्हीही “श्रीव्याडेश्वर आरती PDF” डाउनलोड करून ही पवित्र आरती आपल्या घरी म्हणू शकता. रोजच्या पूजेमध्ये या आरतीचा समावेश केल्यास…

श्री कुन्थुनाथ आरती

श्री कुन्थुनाथ भगवान जैन धर्म के 17वें तीर्थंकर हैं, जिनकी आराधना से आत्मशुद्धि, शांति और मोक्ष का मार्ग प्रशस्त होता है। जैन श्रद्धालु कुन्थुनाथ भगवान की आरती विशेष रूप से रविवार और पर्व-दिवसों पर करते हैं। यदि आप श्री कुन्थुनाथ आरती PDF, सही विधि (vidhi) और इससे मिलने वाले लाभ (laabh) की जानकारी खोज रहे…

राणी ​​सतीजी की आरती

राणी सतीजी, जिन्हे दादी राणी सती के नाम से भी जाना जाता है, भारत में विशेषकर राजस्थान के झुंझुनू क्षेत्र में अत्यंत पूजनीय मानी जाती हैं। हर माह अमावस्या और विशेष अवसरों पर राणी सतीजी की आरती करके भक्तजन उनकी कृपा प्राप्त करते हैं। यह आरती शक्ति, त्याग और समर्पण का प्रतीक मानी जाती है।…

वेदव्यास अष्टक स्तोत्र

वेदव्यास अष्टक स्तोत्रम् भगवान वेदव्यास को समर्पित एक अत्यंत पवित्र और शक्तिशाली स्तोत्र है। यह आठ श्लोकों का एक संग्रह है, जो महर्षि वेदव्यास के गुणों, उनके ज्ञान और उनके योगदान का गुणगान करता है। इस स्तोत्र के पाठ से व्यक्ति को ज्ञान, बुद्धि और आध्यात्मिक शांति प्राप्त होती है। वेदव्यास जी ने वेदों का…

कामिका एकादशी 2025 – व्रत विधि, फल और भगवान विष्णु की कृपा प्राप्त करने का मार्ग

kamika-ekadashi

श्रावण मास, कृष्ण पक्ष में आने वाली एकादशी को कामिका एकादशी कहा जाता है। इस वर्ष यह एकादशी सोमवार, 21 जुलाई 2025 को पड़ी है। कामिका एकादशी भगवान विष्णु को समर्पित है। इस दिन लोग शंख, चक्र गदा धारण करने वाले भगवान विष्णु का विधि-विधान से पूजा करके कामिका एकादशी की व्रत कथा भी सुनते…

जुलाई 2025 का हिन्दू त्यौहार कैलेंडर – कब है एकादशी, पूर्णिमा, अमावस्या? सभी व्रत-त्यौहारों की संपूर्ण जानकारी

shiv pooja in sawan

जुलाई 2025 का हिन्दू त्यौहार कैलेंडर व्रत-त्यौहार प्रेमियों के लिए अत्यंत उपयोगी है। इस महीने में देवशयनी एकादशी (6 जुलाई), गुरु पूर्णिमा (10 जुलाई), प्रदोष व्रत (8 व 22 जुलाई), मासिक शिवरात्रि (23 जुलाई) और अमावस्या (25 जुलाई) जैसे शुभ पर्व आते हैं। इसके अलावा, संकष्टी चतुर्थी (8 जुलाई) और कामिका एकादशी (19 जुलाई) का…

श्री वेदव्यास स्तुतिः

|| श्री वेदव्यास स्तुति PDF || व्यासं वसिष्ठनप्तारं शक्तेः पौत्रमकल्मषम् । पराशरात्मजं वन्दे शुकतातं तपोनिधिम् ॥ १ व्यासाय विष्णुरूपाय व्यासरूपाय विष्णवे । नमो वै ब्रह्मनिधये वासिष्ठाय नमो नमः ॥ २ कृष्णद्वैपायनं व्यासं सर्वलोकहिते रतम् । वेदाब्जभास्करं वन्दे शमादिनिलयं मुनिम् ॥ ३ वेदव्यासं स्वात्मरूपं सत्यसन्धं परायणम् । शान्तं जितेन्द्रियक्रोधं सशिष्यं प्रणमाम्यहम् ॥ ४ अचतुर्वदनो ब्रह्मा द्विबाहुरपरो…

येई हो विठ्ठले – विठ्ठलाची आरती

|| येई हो विठ्ठले (Yei Ho Vitthale Marathi Aarti PDF) || येई हो विठ्ठले माझे माऊली ये । निढळावरी कर ठेवुनि वाट मी पाहे ॥ येई हो विठ्ठले… आलिया गेलिया हाती धाडी निरोप । पंढरपुरी आहे माझा मायबाप ॥ येई हो विठ्ठले… पिवळा पीतांबर कैसा गगनी झळकला । गरुडावरि बैसोनि माझा कैवारी आला ॥ येई…

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