प्रेम रंग से भरी ये ब्रज की होरी लागे
|| प्रेम रंग से भरी ये ब्रज की होरी लागे || प्रेम रंग से भरी ये ब्रज की होरी लागे ॥ दोहा – कान्हा पे रंग डारने, गोरी राधिका आई, रंग भरी वो प्यार के, भर पिचकारी लाई ॥ प्रेम रंग से भरी ये ब्रज की होरी लागे, ब्रज की होरी लागे, कान्हा को तो…