Shri Ram

रोम रोम में बस हुआ है एक उसी का नाम

Rom Rom Me Basa Hua Hai Ek Usi Ka Naam Bhajan Hindi Lyrics

Shri RamBhajan (भजन संग्रह)हिन्दी
Share This

Join HinduNidhi WhatsApp Channel

Stay updated with the latest Hindu Text, updates, and exclusive content. Join our WhatsApp channel now!

Join Now

|| रोम रोम में बस हुआ है एक उसी का नाम ||

रोम रोम में बसा हुआ है,

एक उसी का नाम,

तू जपले राम राम राम,

तू भजले राम राम राम,

रोम रोम में बसा हुआ हैं ॥

लोभ और अभिमान छोड़िए,

छोड़ जगत की माया,

मन की आँखे खोल देख,

कण कण में वही समाया,

जहाँ झुकाए सर तू अपना,

वही पे उनका धाम,

तू जपले राम राम राम,

तू भजले राम राम राम,

रोम रोम में बसा हुआ हैं ॥

ये मत सोच जहाँ मंदिर है,

वही पे दीप जलेंगे,

जहाँ पुकारेगा तू उनको,

वही पे राम मिलेंगे,

दर दर भटक रहा क्यों प्राणी,

उन्ही का दामन थाम,

तू जपले राम राम राम,

तू भजले राम राम राम,

रोम रोम में बसा हुआ हैं ॥

ये संसार के नर और नारी,

देवी देवता सारे,

नहीं चला है कोई यहाँ पे,

उनके बिना इशारे,

वो चाहे सूरज निकले,

वो चाहे तो ढलती शाम,

तू जपले राम राम राम,

तू भजले राम राम राम,

रोम रोम में बसा हुआ हैं ॥

रोम रोम में बसा हुआ है,

एक उसी का नाम,

तू जपले राम राम राम,

तू भजले राम राम राम,

रोम रोम में बसा हुआ हैं ॥

Read in More Languages:

Found a Mistake or Error? Report it Now

Download रोम रोम में बस हुआ है एक उसी का नाम PDF

रोम रोम में बस हुआ है एक उसी का नाम PDF

Leave a Comment

Join WhatsApp Channel Download App