लोहड़ी की कहानी – पंजाबी लोक कथा

लोहड़ी उत्तर भारत, विशेषकर पंजाब और हरियाणा का एक प्रमुख और हर्षोल्लास का त्योहार है। यह मकर संक्रांति से एक दिन पहले, आमतौर पर 13 जनवरी को मनाया जाता है। यह पर्व शीत ऋतु के अंत और फसल की कटाई (रबी की फसल) का प्रतीक है। इस दिन शाम को खुले स्थान पर अग्नि (अलाव)…

छठ पूजा व्रत कथा और पूजा विधि (छठ पूजा 2026 का कार्यक्रम)

|| छठ पूजा 2026 का कार्यक्रम || नहाय-खाय (13 नवंबर) – पवित्र स्नान और सात्विक भोजन। खरना (14 नवंबर) – दिन भर का उपवास और शाम को गुड़ की खीर का प्रसाद। संध्या अर्घ्य (15 नवंबर) – डूबते सूर्य की पूजा। उषा अर्घ्य (16 नवंबर) – उगते सूर्य को जल अर्पण कर व्रत का समापन।…

शनि त्रयोदशी 2026 – शनि देव की कृपा पाने का सर्वोत्तम दिन, जानें पूजन विधि और महत्व

shani-trayodashi

वर्ष 2026 में शनि त्रयोदशी (जिसे शनि प्रदोष भी कहा जाता है) का विशेष धार्मिक महत्व है। जब त्रयोदशी तिथि शनिवार के दिन पड़ती है, तो इसे शनि प्रदोष का अत्यंत शुभ संयोग माना जाता है। वर्ष 2026 में 28 मार्च, 25 जुलाई और 22 अगस्त जैसी तिथियों पर यह योग बन रहा है। शनि…

पुष्कर स्नान 2026 – कब और कैसे करें? जानें शुभ मुहूर्त, विधि और लाभ (The Complete Guide)

pushkar-snan

भारत की धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत में पुष्कर का स्थान अद्वितीय है। राजस्थान के अजमेर जिले में स्थित यह पवित्र नगर, भगवान ब्रह्मा के एकमात्र मंदिर और पवित्र पुष्कर सरोवर के लिए विश्वभर में प्रसिद्ध है। प्रतिवर्ष कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर यहाँ विशाल पुष्कर मेला (Pushkar Fair) और महास्नान (Holy Bath) का आयोजन होता…

2026 योगेश्वर द्वादशी व्रत करने से मिलते हैं ये 5 दिव्य लाभ – जानें शुभ तिथि, पूजा विधि और उपवास के नियम

yogeshwar-dwadashi

योगेश्वर द्वादशी 2026 का पावन पर्व 21 नवंबर 2026 (शनिवार) को मनाया जाएगा। हिंदू पंचांग के अनुसार, यह तिथि कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की द्वादशी को आती है। इसे ‘चिलकु द्वादशी’ या ‘तुलसी द्वादशी’ के नाम से भी जाना जाता है। हर साल कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की द्वादशी तिथि (Dwadashi Tithi) को…

कालाष्टमी की पौराणिक कथा

कालाष्टमी हिंदू धर्म का एक अत्यंत महत्वपूर्ण पर्व है, जो प्रत्येक माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को मनाया जाता है। यह दिन भगवान शिव के रौद्र रूप, काल भैरव को समर्पित है। पौराणिक कथाओं के अनुसार, इसी दिन भगवान शिव ने अंधकासुर के संहार के लिए भैरव रूप धारण किया था, इसलिए इसे…

उत्पन्ना एकादशी 2026 व्रत क्यों और कैसे करें? जानिए व्रत का संपूर्ण विवरण और रहस्य

utpanna ekadashi

हिंदू पंचांग के अनुसार, मार्गशीर्ष मास के कृष्ण पक्ष की एकादशी को उत्पन्ना एकादशी कहा जाता है। वर्ष 2026 में यह शुभ तिथि 4 दिसंबर, शुक्रवार को पड़ेगी। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इसी दिन एकादशी माता प्रकट हुई थीं, इसलिए इसे ‘उत्पन्ना एकादशी’ के नाम से जाना जाता है। उत्पन्ना एकादशी का व्रत हिंदू धर्म…

कार्तिक पूर्णिमा 2026 – देव दिवाली का अद्भुत पर्व, जानें महत्व, व्रत विधि और धार्मिक मान्यताएँ (Kartik Purnima Festival of Dev Deepawali)

kartik-purnima

कार्तिक पूर्णिमा हिंदू धर्म के सबसे पवित्र और महत्वपूर्ण दिनों में से एक है। वर्ष 2026 में यह पर्व 24 नवंबर को मनाया जाएगा। इसे ‘देव दीपावली’ के नाम से भी जाना जाता है, क्योंकि मान्यता है कि इस दिन देवताओं ने त्रिपुरासुर राक्षस पर भगवान शिव की विजय की खुशी में दीपावली मनाई थी।…

मासिक कृष्ण जन्माष्टमी व्रत कथा

मासिक कृष्ण जन्माष्टमी भगवान श्रीकृष्ण के भक्तों के लिए एक अत्यंत पावन एवं विशेष महत्व रखने वाला दिन है। यह व्रत प्रत्येक माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को श्रद्धा और भक्ति भाव से मनाया जाता है। जिस प्रकार चैत्र मास की पूर्णिमा को हनुमान जयंती तथा भाद्रपद मास में वर्ष में एक बार…

गणाधिप संकष्टी 2026 – क्यों है यह संकष्टी विशेष? जानें व्रत विधि, कथा और महत्व

ganadhipa-sankashti-vrat

गणाधिप संकष्टी चतुर्थी भगवान गणेश को समर्पित एक अत्यंत शुभ व्रत है। हिन्दू पंचांग के अनुसार, मार्गशीर्ष मास (कहीं-कहीं कार्तिक) के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी को यह पर्व मनाया जाता है। वर्ष 2026 में यह व्रत 27 नवंबर, शुक्रवार को रखा जाएगा। सनातन धर्म में भगवान गणेश (Lord Ganesha) को प्रथम पूज्य देवता माना गया…

मोक्षदा एकादशी 2026 में कब है यह खास व्रत? जानिए व्रत कथा और मोक्ष पाने का तरीका

mokshda ekadashi

वर्ष 2026 में मोक्षदा एकादशी का पावन पर्व 20 दिसंबर, रविवार को मनाया जाएगा। हिंदू पंचांग के अनुसार, यह एकादशी मार्गशीर्ष मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि को आती है। धार्मिक दृष्टि से इसका अत्यधिक महत्व है क्योंकि इसी दिन भगवान श्रीकृष्ण ने कुरुक्षेत्र के मैदान में अर्जुन को श्रीमद्भगवद्गीता का उपदेश दिया था,…

Chandra Darshan 2026 List – चंद्र दर्शन 2026 की पूरी लिस्ट जानें तिथि, पूजा विधि और आध्यात्मिक रहस्य

Amavasya list

अमावस्या के अगले दिन को चंद्र दर्शन दिवस के रूप में जाना जाता है। इस दिन चंद्रमा पहली बार अमावस्या के बाद दिखाई देता है। जब चंद्रमा पृथ्वी से पूरी तरह अदृश्य होता है, उसे अमावस्या कहा जाता है। चंद्र दर्शन दिवस पर सूर्यास्त के तुरंत बाद चंद्रमा थोड़े समय के लिए ही दिखाई देता है।…

भौम प्रदोष व्रत 2026 – इस दुर्लभ योग में करें शिव-शक्ति की आराधना, धन, सुख और संतान प्राप्ति का वरदान

bhaum-pradosh-vrat-shiv-shakti-puja

सनातन धर्म (Sanatan Dharma) में प्रदोष व्रत का अत्यधिक महत्व है, जो भगवान शिव और माता पार्वती को समर्पित है। जब यह पावन तिथि मंगलवार के दिन पड़ती है, तो इसे भौम प्रदोष व्रत (Bhaum Pradosh Vrat) कहा जाता है। ‘भौम’ मंगल ग्रह का पर्याय है, और इस दिन शिव-शक्ति की पूजा के साथ-साथ मंगल…

2026 में इष्टि और अन्वाधान व्रत कब और कैसे करें? जानिए तिथि, विधि और महत्व की पूरी सूची

Ishti and anvdhan

इष्टि और अन्वाधान वैदिक परंपरा के महत्वपूर्ण अनुष्ठान हैं जो अग्निहोत्र से संबंधित हैं। ‘इष्टि’ का अर्थ है यज्ञ या आहुति, जबकि ‘अन्वाधान’ अग्नि स्थापित करने की प्रक्रिया है। ये कर्मकांड वैदिक ऋचाओं और मंत्रों के साथ किए जाते हैं, जिनका उद्देश्य देवताओं का आह्वान करना और उनसे आशीर्वाद प्राप्त करना है। इन अनुष्ठानों का…

Chhath Puja 2026 – छठ पूजा विधि, छठ पूजा मुहूर्त (नहाय खाय, खरना, संध्या अर्घ्य, उषा अर्घ्य)

chhat-puja

छठ पूजा 2026 आस्था और शुद्धि का महापर्व है, जो मुख्य रूप से बिहार, झारखंड और उत्तर प्रदेश में मनाया जाता है। वर्ष 2026 में मुख्य संध्या अर्घ्य 15 नवंबर को और उषा अर्घ्य 16 नवंबर को दिया जाएगा। छठी मैया और सूर्य देव की आराधना का यह पर्व, बिहार और पूर्वी उत्तर प्रदेश में विशेष…

गोवर्धन पूजा 2026 – घर पर कैसे करें पूजन? जानें विधि, मंत्र और आरती

govardhan-puja

गोवर्धन पूजा, जिसे ‘अन्नकूट’ भी कहा जाता है, हिंदू धर्म का एक प्रमुख त्योहार है। वर्ष 2026 में यह पर्व 10 नवंबर, मंगलवार को मनाया जाएगा। यह त्योहार कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि को आता है और दीपावली के ठीक अगले दिन मनाया जाता है। सनातन धर्म (Sanatan Dharma) में त्योहारों की…

चोपड़ा पूजा 2026 शुभ मुहूर्त – जानिए कब करें खाता-बही पूजन और मां लक्ष्मी का आह्वान

chopra-puja

चोपड़ा पूजा 2026 (Chopda Pujan 2026) का आयोजन 8 नवंबर, 2026 को दीपावली और लक्ष्मी पूजा के पावन अवसर पर किया जाएगा। यह परंपरा मुख्य रूप से गुजरात, राजस्थान और महाराष्ट्र के व्यापारिक समुदायों में प्रचलित है। दिवाली (Diwali) का त्योहार न केवल दीपों का पर्व है, बल्कि यह व्यापार और समृद्धि का भी उत्सव है।…

Diwali 2026 लक्ष्मी पूजा का शुभ मुहूर्त और पूजा विधि – जाने दिवाली का महत्व, क्यों जलाते हैं दीप और क्या है इसकी खासियत?

diwali

साल 2026 में दीपावली का पावन पर्व 8 नवंबर, रविवार को मनाया जाएगा। हिंदू पंचांग के अनुसार, यह उत्सव कार्तिक मास की अमावस्या तिथि को मनाया जाता है। 2026 में दीपावली थोड़ी देरी से आ रही है, जिसके कारण इस समय भारत के अधिकांश हिस्सों में अच्छी ठंड का अहसास होगा। दिवाली केवल दीपों का…

Ahoi Ashtami 2026 – अहोई अष्टमी व्रत, जाने तिथि, नियम और पूजा विधि सहित संपूर्ण जानकारी

Ahoi Ashtami

वर्ष 2026 में अहोई अष्टमी का पावन पर्व 1 नवंबर, रविवार को मनाया जाएगा। यह व्रत कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को रखा जाता है। उत्तर भारत में इस त्योहार का विशेष महत्व है, जहाँ माताएं अपनी संतान की लंबी आयु, स्वास्थ्य और उज्ज्वल भविष्य के लिए दिन भर निर्जला उपवास रखती…

वैकुण्ठ चतुर्दशी 2026 सम्पूर्ण गाइड – शुभ मुहूर्त, व्रत कथा, पूजा विधि और सरल उपाय

vaikuntha chaturdashi

वैकुण्ठ चतुर्दशी हिंदू धर्म का एक अत्यंत पवित्र पर्व है, जो कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी को मनाया जाता है। वर्ष 2026 में यह पर्व 23 नवंबर को मनाया जाएगा। यह दिन भगवान विष्णु और भगवान शिव के मिलन का प्रतीक है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इसी दिन भगवान विष्णु ने वाराणसी में…

करवा चौथ व्रत 2026 – करवा चौथ व्रत में क्या करें और क्या न करें? हर सुहागिन के लिए जरूरी जानकारी

karwa-chauth-vrat

वर्ष 2026 में करवा चौथ का पावन पर्व 29 अक्टूबर, गुरुवार को मनाया जाएगा। सुहागिन महिलाओं के लिए यह साल का सबसे महत्वपूर्ण व्रत माना जाता है। इस दिन महिलाएं अपने पति की लंबी आयु, उत्तम स्वास्थ्य और वैवाहिक सुख के लिए सूर्योदय से लेकर चंद्रोदय तक निर्जला व्रत रखती हैं। करवा चौथ 2026 के…

पापांकुशा एकादशी 2026 – व्रत कथा, नियम और महत्व जो हर भक्त को जानना चाहिए

papankusha ekadashi

आश्विन मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी को पापांकुशा एकादशी कहा जाता है। साल 2026 में यह पवित्र व्रत 22 अक्टूबर, गुरुवार को रखा जाएगा। जैसा कि नाम से स्पष्ट है ‘पाप’ और ‘अंकुश’ यह एकादशी मनुष्य के पापों पर अंकुश लगाकर उन्हें नष्ट कर देती है। पापांकुशा एकादशी एक पवित्र अवसर है जब हम…

सरस्वती पूजा 2026 – जानें मां सरस्वती की आराधना की सही विधि, महत्व और शुभ मुहूर्त

saraswati-puja

वर्ष 2026 में शारदीय नवरात्रि के पावन अवसर पर सरस्वती पूजा का विशेष महत्व है। दक्षिण भारत और महाराष्ट्र जैसे क्षेत्रों में नवरात्रि के अंतिम तीन दिनों में देवी सरस्वती की उपासना की जाती है। वर्ष 2026 के पंचांग के अनुसार, सरस्वती पूजा के मुख्य अनुष्ठान इस प्रकार होंगे। क्या आप ज्ञान, कला और संगीत…

सन्धि पूजा 2026 – नवरात्रि की सर्वश्रेष्ठ पूजा क्यों? जानें सही समय, विधि और चमत्कारी लाभ

durga maa

सन्धि पूजा दुर्गा पूजा का सबसे महत्वपूर्ण और आध्यात्मिक रूप से शक्तिशाली क्षण माना जाता है। वर्ष 2026 में शारदीय नवरात्रि की मुख्य सन्धि पूजा 19 अक्टूबर को होगी। यह पूजा अष्टमी तिथि के अंतिम 24 मिनट और नवमी तिथि के शुरुआती 24 मिनट के संगम (कुल 48 मिनट) पर की जाती है। नवरात्रि का…

मार्गशीर्ष अमावस्या 2026 – पितृ तर्पण से धन-समृद्धि तक, जानिए संपूर्ण जानकारी और विशेष उपाय (Margashirsha Amavasya)

Margashirsha Amavasya

वर्ष 2026 में मार्गशीर्ष अमावस्या का विशेष आध्यात्मिक महत्व है। हिंदू पंचांग के अनुसार, यह तिथि पितृ तर्पण, दान-पुण्य और पवित्र स्नान के लिए अत्यंत शुभ मानी जाती है। मार्गशीर्ष मास को भगवान श्रीकृष्ण का स्वरूप माना गया है, इसलिए इस दिन ‘गीता पाठ’ और विष्णु पूजन का विशेष फल मिलता है। 2026 में यह…

दक्षिण सरस्वती पूजा 2026 कब और कैसे करें? जानें तिथि, पूजन सामग्री और नियम (Dakshin Saraswati Puja)

dakshin-saraswati-puja

वर्ष 2026 में शारदीय नवरात्रि के पावन अवसर पर दक्षिण भारतीय परंपरा के अनुसार सरस्वती पूजा का विशेष महत्व है। जहाँ उत्तर भारत में मुख्य रूप से वसंत पंचमी पर विद्या की देवी की पूजा होती है, वहीं दक्षिण भारत (विशेषकर तमिलनाडु, केरल और कर्नाटक) में शारदीय नवरात्रि के अंतिम तीन दिन मां सरस्वती को…

दुर्गा विसर्जन 2026 – क्यों होता है विसर्जन जल में? जानिए दुर्गा विसर्जन का वैज्ञानिक और धार्मिक रहस्य

durga-visarjan

दुर्गा विसर्जन शारदीय नवरात्रि के उत्सव का समापन बिंदु है। वर्ष 2026 में, माँ दुर्गा की प्रतिमा का विसर्जन 20 अक्टूबर को किया जाएगा। यह दिन बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक ‘विजयादशमी’ के रूप में मनाया जाता है। यह केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं है, बल्कि यह जीवन के एक गहरे दार्शनिक (Philosophical)…

भौम प्रदोष व्रत पूजा विधि 2026 – शिव-पार्वती और हनुमान जी की एक साथ पूजा से पाएं अद्भुत लाभ, ज़रूर पढ़ें कथा

bhaum-pradosh-vrat-shiv-parvati

क्या आप कर्ज (Debt) और आर्थिक संकट (Financial Crisis) से परेशान हैं? क्या जीवन में मंगल (Auspiciousness) की कमी महसूस हो रही है? तो यह ब्लॉग आपके लिए है! प्रत्येक माह की त्रयोदशी तिथि को भगवान शिव को समर्पित प्रदोष व्रत रखा जाता है। जब यह शुभ तिथि मंगलवार (Tuesday) को पड़ती है, तो इसे…

करवा चौथ 2026 पूजा सामग्री सूची – व्रत और पूजन की सही तैयारी गाइड (Karwa Chauth Puja Samagri List 2026)

karwa-chauth-puja-samagri

करवा चौथ 2026 का पावन पर्व 29 अक्टूबर, गुरुवार को मनाया जाएगा। यह त्योहार हिंदू धर्म में सुहागिन महिलाओं के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है, जो अपने पति की लंबी आयु, स्वास्थ्य और सुख-समृद्धि के लिए सूर्योदय से चंद्रोदय तक निर्जला व्रत रखती हैं। भारत में सुहागिनों के लिए सबसे बड़ा और पवित्र त्योहार, करवा चौथ…

मैसूर दशहरा 2026 – शाही विरासत का जश्न, क्यों देखने आते हैं लाखों पर्यटक? जानें पूरी कहानी

mysore-dussehra

मैसूर दशहरा 2026 में कर्नाटक की सांस्कृतिक विरासत का सबसे भव्य रूप देखने को मिलेगा। यह उत्सव 11 अक्टूबर से 20 अक्टूबर 2026 तक आयोजित होने की संभावना है, जो बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक है। भारत त्योहारों का देश है, और जब बात आती है ‘बुराई पर अच्छाई की जीत’ के सबसे बड़े…

Dussehra 2026 – दशहरे पर क्या करें, क्या न करें? जानें पूरी गाइड

Dussehra

दशहरा (विजयादशमी) वर्ष 2026 में 20 अक्टूबर, मंगलवार को मनाया जाएगा। यह त्योहार हिंदू धर्म के सबसे महत्वपूर्ण पर्वों में से एक है, जो बुराई पर अच्छाई और अधर्म पर धर्म की जीत का प्रतीक है। पौराणिक कथाओं के अनुसार, इसी दिन भगवान श्री राम ने अहंकारी रावण का वध कर माता सीता को मुक्त…

Diwali Puja Samagri List 2026 – दीपावली लक्ष्मी पूजन सामग्री सूची, विधि और मंत्र

diwali samgri list

दिवाली हमारे सबसे बड़े त्योहारों में से एक है, और इसे कार्तिक माह की अमावस्या को मनाया जाता है। दिवाली 2026 भारत का सबसे उज्ज्वल और प्रिय त्योहार होगा, जो रविवार, 8 नवंबर 2026 को मनाया जाएगा। यह ‘रोशनी का त्योहार’ अंधकार पर प्रकाश और अधर्म पर धर्म की जीत का प्रतीक है। इस दिन…

Navratri 2026 – नवरात्रि में क्यों होता है माता का जागरण? जाने महत्व, समय, अन्य रोचक बातें

navratri-mata-jagran

नवरात्रि में माता का जागरण, भक्ति और आस्था का संगम होता है। यह न केवल देवी दुर्गा की पूजा का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, बल्कि यह आध्यात्मिक उन्नति और मनोरंजन का भी साधन है। नवरात्रि 2026 में माता का जागरण, भक्ति, आस्था, और सामाजिक जुड़ाव का प्रतीक है। यह देवी दुर्गा की पूजा का एक…

Navratri 2026 – क्या आप जानते हैं? नवरात्रि के दौरान ये गलतियां नहीं करनी चाहिए!

durga maa

नवरात्रि हिंदू धर्म का एक महत्वपूर्ण पर्व है, जो शक्ति उपासना और आत्मशुद्धि का प्रतीक है। इस नौ दिवसीय पर्व में मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की पूजा की जाती है। सही विधि से उपवास और पूजा करने से व्यक्ति को आध्यात्मिक और मानसिक शांति मिलती है, लेकिन यदि कुछ गलतियां की जाएं तो इसका…

2026 Navratri Hawan Mantra List – नवरात्रि हवन मंत्र, संपूर्ण विधि एवं सामग्री सूची

navdurga

नवरात्रि के पावन अवसर पर, माँ दुर्गा की कृपा प्राप्त करने हेतु हवन करना एक अत्यंत महत्वपूर्ण अनुष्ठान है। हवन के लिए दुर्गा सप्तशती के मंत्रों का प्रयोग किया जाता है, जैसे कि ‘ॐ ऐं ह्रीं क्लीं चामुण्डायै विच्चे’ या अन्य देवी मंत्र। हवन की विधि में सबसे पहले हवन कुंड को स्थापित कर अग्नि…

2026 Navratri Bhog 9 Days List – नवरात्रि के नौ दिनों में माता रानी को लगाएं इन वस्तुओं का भोग, देखें पूरी सूची

navratri bhog list

नवरात्रि 2026, हिंदू धर्म के सबसे महत्वपूर्ण और श्रद्धापूर्ण त्योहारों में से एक है, जो भक्तिभाव, उपवास और उल्लास का समय होता है। इस नौ दिवसीय उत्सव में भक्त देवी दुर्गा के नौ विभिन्न स्वरूपों की पूजा करते हैं, जिन्हें नवदुर्गा कहा जाता है। नवरात्रि के हर दिन देवी दुर्गा के एक विशेष रूप की पूजा…

साल 2026 की सभी संकष्टी चतुर्थी तिथियाँ – देखें संपूर्ण सूची और शुभ मुहूर्त, पूरी लिस्ट

Sankashti Chaturthi

संकष्टी चतुर्थी 2026, भगवान गणेश की कृपा पाने के लिए सबसे शुभ दिनों में से एक है संकष्टी चतुर्थी। यह दिन भक्तों को बाधाओं से मुक्ति दिलाता है और मनोकामनाएं पूर्ण करता है। 2026 में आने वाली सभी संकष्टी चतुर्थी की पूरी सूची यहां दी गई है। प्रत्येक माह में पड़ने वाली इस चतुर्थी पर…

पूरे साल की स्कन्द षष्ठी 2026 लिस्ट – पूजा की विधि, सामग्री और तैयारी से जुड़ी पूरी जानकारी

lord kartikeya

स्कन्द षष्ठी 2026, जिसे सुब्रह्मण्य षष्ठी भी कहा जाता है, भगवान कार्तिकेय (स्कन्द) की आराधना का प्रमुख पर्व है। इस दिन भक्तगण उपवास रखते हैं और भगवान स्कन्द की पूजा-अर्चना करते हैं। दक्षिण भारत, विशेषकर तमिलनाडु में, यह उत्सव बड़े धूमधाम से मनाया जाता है। भगवान कार्तिकेय को युद्ध और विजय का देवता माना जाता…

Amavasya Date List 2026 – अमावस्या कैलेंडर, जानें सभी मासिक अमावस्या तिथियाँ, कब करें तर्पण, दान और ध्यान

Amavasya list

साल 2026 में अमावस्या की तिथियाँ महत्वपूर्ण हैं, क्योंकि यह दिन पितरों के तर्पण, दान और ध्यान के लिए विशेष माना जाता है। हर महीने कृष्ण पक्ष की अंतिम तिथि अमावस्या कहलाती है, जब चंद्रमा अदृश्य होता है। यह आत्मचिंतन और आध्यात्मिक शुद्धि का समय है। अमावस्या पर पितरों का तर्पण विशेष फलदायी होता है,…

लम्बोदर संकष्टी चतुर्थी व्रत कथा

वर्ष 2026 में लम्बोदर संकष्टी चतुर्थी (जिसे सकट चौथ भी कहा जाता है) 6 जनवरी, मंगलवार को मनाई जाएगी। यह व्रत माघ मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को रखा जाता है। चूंकि यह मंगलवार को है, इसलिए इसे अंगारकी चतुर्थी का अत्यंत शुभ संयोग भी माना जा रहा है। लम्बोदर संकष्टी चतुर्थी का…

सकट चौथ व्रत कथा और पूजा विधि

माघ मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को मनाया जाने वाला सकट चौथ, हिंदू धर्म में एक अत्यंत महत्वपूर्ण व्रत है। वर्ष 2026 में यह पावन पर्व 6 जनवरी, मंगलवार को मनाया जाएगा। मंगलवार के दिन होने के कारण इसे ‘अंगारक चतुर्थी’ का विशेष संयोग भी प्राप्त हो रहा है, जो इसकी धार्मिक महत्ता…

Chaitra Navratri 2026 – कब से शुरू हो रहे हैं चैत्र नवरात्र? जानें पूजा विधि, शुभ मुहूर्त और महत्व

durga mata

वर्ष 2026 में चैत्र नवरात्रि का पावन पर्व 19 मार्च से शुरू होकर 27 मार्च तक मनाया जाएगा। हिंदू कैलेंडर के अनुसार, यह उत्सव चैत्र मास के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि से आरंभ होता है, जो हिंदू नववर्ष (विक्रम संवत 2083) की शुरुआत का भी प्रतीक है। इन नौ दिनों में मां दुर्गा के…

दशहरा 2026 कब है? अधर्म पर धर्म की जीत का महापर्व! जानें रावण दहन का महत्व, पूजा विधि और शुभ मुहूर्त

dussehra

दशहरा (Dussehra) यानी ‘विजयदशमी’ (Vijayadashami), हिंदू धर्म के सबसे महत्वपूर्ण और उत्साहपूर्ण त्योहारों में से एक है। यह पर्व बुराई पर अच्छाई की जीत, असत्य पर सत्य की विजय और अंधकार पर प्रकाश की विजय का प्रतीक है। शारदीय नवरात्रि के नौ दिनों की समाप्ति के बाद दसवें दिन यह महापर्व मनाया जाता है। आइए,…

विजयादशमी 2026 – घर परिवार में समृद्धि और सफलता पाने के लिए करें ये खास और अचूक उपाय

vijayadashami-remedies

विजयादशमी केवल रावण दहन का पर्व नहीं है, बल्कि यह अपने अंदर के रावण को खत्म करके, नए और सफल जीवन की शुरुआत करने का संकल्प (Pledge) लेने का दिन है। इस शुभ मुहूर्त में ऊपर बताए गए अचूक उपायों को पूरी श्रद्धा के साथ करें और प्रभु श्रीराम तथा माता दुर्गा से अपने और…

Pradosh Vrat Calendar 2026 – सम्पूर्ण प्रदोष व्रत कैलेंडर, जानें व्रत पूजा विधि और लाभ

Om Namah Shivay

प्रदोष व्रत हर महीने की त्रयोदशी तिथि पर आता है और हर महीने दो बार मनाया जाता है – एक कृष्ण पक्ष में और दूसरा शुक्ल पक्ष में। प्रदोष व्रत के दिन भगवान शिव और उनके पूरे परिवार का विधिपूर्वक पूजन किया जाता है। इस दिन शनि देव की भी पूजा-अर्चना की जाती है। धार्मिक…

केदार गौरी व्रत 2026 – जानें शुभ मुहूर्त, पूजन विधि और महत्व, अखंड सौभाग्य के लिए करें ये उपाय (Kedar Gauri Vrat)

kedar-gauri-vrat

केदार गौरी व्रत भगवान शिव और माता पार्वती को समर्पित एक अत्यंत पावन उपवास है, जो विशेष रूप से दक्षिण भारत में ‘केदारेश्वर व्रत’ के नाम से लोकप्रिय है। वर्ष 2026 में यह मुख्य व्रत 8 नवंबर (रविवार) को दीपावली के दिन मनाया जाएगा। सनातन धर्म में व्रतों और त्योहारों का विशेष स्थान है, जो हमें…

Pradosh Vrat 2026 – महादेव की कृपा पाने के लिए करें ये उपाय, हर कार्य में मिलेगी सफलता

pradosh vrat

हिंदू धर्म में प्रदोष व्रत का विशेष महत्व है। इस दिन भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा करने से समस्त मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं और व्यक्ति के जीवन में सफलता के मार्ग खुलते हैं। प्रदोष व्रत का पालन करने से जीवन में धन, समृद्धि, सफलता और शांति प्राप्त होती है। इस दिन भगवान शिव का…

माघ महीना व्रत कथा एवं पूजा विधि

हिंदू पंचांग के अनुसार, माघ महीना आध्यात्मिक शुद्धि और समर्पण का पवित्र समय माना जाता है। वर्ष 2026 में, माघ महीने की शुरुआत 4 जनवरी से होगी और इसका समापन 1 फरवरी को माघ पूर्णिमा के साथ होगा। इस महीने का धार्मिक महत्व अत्यधिक है, क्योंकि इसे ‘दान’ और ‘स्नान’ का मास कहा जाता है। विशेष…

Join WhatsApp Channel Download App